आधुनिक जीविशैली और िेत्र रोग: योग द्वारा समाधाि

Authors

  • कु लदीप स िंह ग्लोकल स्कू ल ऑफ सफसिकल एिुके शन एिं ड स्पोर्ट् , ग्लोकल यूसनवस ्र्ी Author

Abstract

आधुनिक जीविशैली में निनजटल उपकरण ों का बढ़ता उपय ग, अस्वास्थ्यकर खािपाि, तिाव, प्रदू षण
और शारीररक निष्क्रियता के कारण िेत्र र ग ोंकी समस्या गोंभीर ह ती जा रही है। कों प्यूटर नवज़ि नसोंिर म
(CVS), माय नपया, हाइपरमेटर नपया, िर ाई आई नसोंिर म, म नतयानबोंद और ग्लूक मा जैसी समस्याएँ तेजी से
बढ़ रही हैं। इि समस्याओों के समाधाि हेतु य ग एक प्रभावी, प्राकृ नतक और वैज्ञानिक दृनिक ण प्रदाि
करता है। य ग िेत्र स्वास्थ्य क सुधारिे, तिाव क कम करिे और आँख ोंकी माोंसपेनशय ोंक मजबूत बिािे
में सहायक नसद्ध ह ता है। इस श ध पत्र में आधुनिक जीविशैली के कारण उत्पन्न िेत्र र ग ों का नवस्तृत
नवश्लेषण नकया गया है और य ग के नवनभन्न अभ्यास ोंद्वारा उिके समाधाि की सोंभाविाओ ोंक प्रस्तुत नकया
गया है।

Downloads

Published

2024-07-29

Issue

Section

Articles

How to Cite

आधुनिक जीविशैली और िेत्र रोग: योग द्वारा समाधाि. (2024). INTERNATIONAL JOURNAL OF MANAGEMENT RESEARCH AND REVIEW, 14(5), 31-37. https://ijmrr.com/index.php/ijmrr/article/view/260